Friday, January 10, 2014

कभी किसी

कभी किसी से दिल के रिशते जोडना नही,
गर जुड जायें तो ,फ़िर कभी तोडना नही !
जुडने से नही ,तोडने पर तकलीफ़ होती है,
इसीलिये वफ़ा का चिलमन  ओढना नही !!कभी किसी से .....
ज़िन्दगी मे प्यार का अहसास भी ज़रूरी है,
कच्चा घडा है ये, इसे फ़िर फ़ोडना नही !!कभी किसी से .....
इस ज़ज़्बे  मे हर कोई, हारा ही हारा है,
हारके जीतने का सिलसिला तोडना नही !!कभी किसी से ....
ज़िन्दगी के चमन मे फ़ूल लाखो खिलेंगे,
फ़ूल जो चुनो, उससे मुँह  मोडना नही !!कभी किसी से ....

बोधिसत्व कस्तूरिया २०२ नीरव निकुन्ज सिकन्दरा आगरा २८२००७

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